Jharkhand Vidhansabha में अवैध अफीम की खेती का मुद्दा गूंजा, Hemlal Murmu ने पुलिस की भूमिका पर उठाए सवाल
Ranchi: Jharkhand Vidhansabha के बजट सत्र के नौवें दिन राज्य में बढ़ती अवैध अफीम की खेती का मुद्दा सदन में जोरदार तरीके से उठा. लिट्टिपाड़ा के विधायक हेमलाल मुर्मू ने सरकार से इस गंभीर मामले पर जवाब मांगा और कहा कि राज्य में बड़े पैमाने पर अफीम की अवैध खेती हो रही है, जो चिंता का विषय है. उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर इतनी बड़ी मात्रा में यह खेती किसके सहयोग से हो रही है.
हेमलाल मुर्मू ने सदन में आंकड़े पेश करते हुए बताया कि पिछले कुछ वर्षों में अफीम की खेती के मामलों में तेजी से वृद्धि हुई है. उनके अनुसार वर्ष 2020-21 में 2871 एकड़, 2022-23 में 5494 एकड़ और 2023-24 में 4853 एकड़ जमीन पर अफीम की खेती पाई गई थी. वहीं वर्ष 2024-25 में यह आंकड़ा बढ़कर 27,215 एकड़ तक पहुंच गया है.
उन्होंने सरकार से चार वर्षों के दौरान दर्ज मामलों, लंबित जांच और दोषी व्यक्तियों के खिलाफ की गई कार्रवाई की जानकारी भी मांगी. उन्होंने कहा कि इस पूरे मामले की गंभीरता को देखते हुए सख्त कदम उठाने की जरूरत है.
विधायक के सवालों का जवाब देते हुए मंत्री योगेंद्र प्रसाद ने कहा कि वर्ष 2024-25 में विभिन्न जिलों में 27,215 एकड़ जमीन पर अफीम की अवैध खेती का मामला सामने आया था. उन्होंने बताया कि सरकार द्वारा विशेष अभियान चलाकर इन अवैध फसलों को नष्ट कर दिया गया है.
मंत्री ने कहा कि मादक पदार्थों की तस्करी और अवैध खेती पर रोक लगाने के लिए सरकार लगातार कार्रवाई कर रही है. यदि किसी भी अधिकारी या व्यक्ति की संलिप्तता पाई जाती है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. हालांकि अब तक पुलिस विभाग के किसी अधिकारी की भूमिका सामने नहीं आई है.


